वाकई में दिल्ली में कमाल कर दिखाया अरविंद केजरीवाल ने

नई दिल्ली। आप कुछ भी कहें, कुछ भी अर्थ निकालें, लेकिन अरविंद केजरीवाल वाकई में ऐसे मोड़ पर सत्ता की चाबी  हासिल कर ली है, जिसे प्राप्त करने के लिए भाजपा ने अपने सांसदों, विधायकों की भारी फौज़ खड़ी कर दी थी। पर, कमाल के बंदे केजरीवाल ने दिल्ली में कमाल कर दिखाया। 



दिल्ली में आम आदमी पार्टी तीसरी बार सरकार बनाने जा रही है. मंगलवार को घोषित हुए दिल्ली विधानसभा चुनाव के नतीजों में आम आदमी पार्टी को प्रचंड बहुमत मिला. आप ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 62 सीटों पर जीत हासिल की. बीजेपी ने 8 सीट पर कब्जा जमाया. वहीं कांग्रेस का खाता तक नहीं खुल पाया.


दिल्ली में आम आदमी पार्टी की ऐसी सुनामी चली कि हर कोई हैरान रह गया. बीजेपी अधिकतर सीटें उत्तर पूर्व और पूर्वी जिले में ही जीत पाई. 2015 के बाद इस लोकसभा चुनाव में भी कांग्रेस को एक भी सीट नहीं मिली. दूसरी बार जीरो सीट मिलने के बाद दिल्ली कांग्रेस के अध्यक्ष सुभाष चोपड़ा ने पद से इस्तीफा दे दिया है.


मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के लिए 11 फरवरी दोहरी खुशी का दिन बन गया. एक तो तीसरी बार जनता ने उन्हें मुख्यमंत्री की कुर्सी पर बैठाया और उनकी मंगलवार को ही उनकी पत्नी का जन्मदिन था. एक पत्नी को इससे बेहतर और बेशकीमती तोहफा और क्या मिल सकता था.


जैसे-जैसे आम आदमी पार्टी सीटों की सीढ़ियों पर चढ़ती गई, बधाइयों का तांता लगना शुरू हो गया. कार्यकर्ता नारेबाजी और आतिशबाजी करने लगे. जीत के बाद अरविंद केजरीवाल, मनीष सिसोदिया, राघव चड्ढा और आतिशी ने रोड शो भी किया. नई दिल्ली सीट से 21 हजार 697 वोटों से जीतने वाले सीएम केजरीवाल ने पार्टी हेडक्वॉटर्स में कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए जनता को धन्यवाद दिया.


उन्होंने कहा, ये जीत उन लोगों की है, जिन्होंने मुझे अपना बेटा समझकर वोट दिया. यह एक नई तरह की राजनीति की शुरुआत है. यह अच्छा संकेत है. उन्होंने कहा, दिल्ली वालों गजब कर दिया आप लोगों ने...आई लव यू. इस दौरान सीएम केजरीवाल बीजेपी पर चुटकी लेना भी नहीं भूले. उन्होंने कहा, यह भगवान हनुमान का दिन है, जिन्होंने दिल्ली की जनता को आशीर्वाद दिया है. हम प्रार्थना करते हैं कि हनुमान जी हमें अगले 5 साल सही रास्ता दिखाएं. केजरीवाल को बधाई देने वालों में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, मनोज तिवारी, आरजेडी नेता तेजस्वी यादव, शिवसेना विधायक आदित्य ठाकरे, प. बंगाल की सीएम ममता बनर्जी समेत तमाम बड़े नेता शामिल थे.


पीएम मोदी ने कहा, 'आप और अरविंद केजरीवालजी को दिल्ली विधानसभा चुनाव में जीत की बधाई. दिल्ली के लोगों के अरमानों को पूरा करने के लिए उन्हें शुभकानाएं देता हूं.' केजरीवाल ने इसके जवाब में कहा कि वह दिल्ली को एक विश्वस्तरीय शहर बनाना चाहते हैं. उन्होंने ट्वीट किया, 'आपको धन्यवाद सर. मैं अपनी राष्ट्रीय राजधानी को एक विश्वस्तरीय शहर बनाने के लिए केंद्र के साथ काम करने को उत्सुक हूं'.अरविंद केजरीवाल कनॉट प्लेस के हनुमान मंदिर भी गए और आशीर्वाद लिया.


हार के बाद दिल्ली बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष मनोज तिवारी ने कार्यकर्ताओं का धन्यवाद दिया. उन्होंने कहा, कार्यकर्ताओं ने काफी काम किया है. हम लोगों का जनादेश स्वीकार करते हैं और जीत के लिए सीएम केजरीवाल को बधाई. उम्मीद है कि वे लोगों की उम्मीदों पर खरा उतरेंगे. पार्टी की हार पर उन्होंने कहा, हम अच्छा प्रदर्शन कर सकते थे. हम इसकी समीक्षा करेंगे. कई बार हमें निराशा होती है, जब नतीजे हमारे अनुरूप नहीं होते. लेकिन कार्यकर्ता निराश न हों. 2015 की तुलना में हमारा वोट प्रतिशत बढ़ा है. 


दक्षिण दिल्ली के सांसद रमेश बिधूड़ी के क्षेत्र की 10 विधानसभा सीटों में बीजेपी सिर्फ बदरपुर सीट किसी तरह जीत पाई, जबकि रमेश बिधूड़ी दूसरी बार सांसद बने हैं. जबकि दक्षिण दिल्ली के तहत आने वाली देवली, कालकाजी, पालम, अंबेडकर नगर, तुगलकाबाद, महरौली, संगम विहार, बिजवासन और छतरपुर में पार्टी को हार का सामना करना पड़ा है.


पश्चिमी दिल्ली लोकसभा सीट से बीजेपी के परवेश वर्मा सांसद हैं. इस संसदीय सीट के तहत आने वाली 10 विधानसभा सीटें मादीपुर, जनकपुरी, द्वारका, राजौरी गार्डन, विकासपुरी, हरिनगर, उत्तम नगर, नजफगढ़, मटियाला और तिलक नगर हैं. इन सभी सीटों पर आम आदमी पार्टी ने जीत दर्ज की है.


उत्तर पश्चिम दिल्ली लोकसभा सीट से भाजपा के हंसराज हंस सांसद हैं. इसके तहत आने वाली 10 विधानसभा सीटों में सुल्तानपुर माजरा, मंगोलपुरी, किराड़ी, समयपुर बादली, नरेला और नांगलोई, मुंडका, रिठाला, बवाना और रोहिणी शामिल हैं. इनमें से नौ सीटों पर आम आदमी पार्टी ने जीत दर्ज की है. बीजेपी को सिर्फ रोहिणी सीट पर जीत मिली है.


पूर्वी दिल्ली लोकसभा सीट से भाजपा के गौतम गंभीर सांसद हैं. इस संसदीय सीट कुल 10 विधानसभा सीटों में गांधी नगर, कृष्णा नगर, विश्वास नगर, शाहदरा, पटपड़गंज, लक्ष्मी नगर, कोंडली, त्रिलोकपुरी, ओखला और जंगपुरा शामिल हैं. इनमें से भाजपा ने लक्ष्मी नगर, गांधी नगर और विश्वास नगर सीटों पर जीत दर्ज की है.


नई दिल्ली लोकसभा सीट से भाजपा की मीनाक्षी लेखी सांसद हैं. इस संसदीय सीट की 10 विधानसभा सीटों में करोल बाग, राजिंदर नगर, मालवीय नगर, पटेल नगर, नई दिल्ली, आर.के. पुरम, मोती नगर, कस्तूरबा नगर, ग्रेटर कैलाश और दिल्ली कैंट शामिल हैं. इन सभी 10 सीटों पर भाजपा को हार का मुंह देखना पड़ा है.


उत्तर पूर्वी दिल्ली लोकसभा सीट से भाजपा के मनोज तिवारी सांसद हैं. इस संसदीय सीट की 10 विधानसभा सीटों में बुराड़ी, रोहतास नगर, बाबरपुर, तिमारपुर, सीलमपुर, गोकलपुर, सीमापुरी, घोंडा, मुस्तफाबाद और करावल नगर शामिल हैं. इनमें से भाजपा ने घोंडा, करावल नगर और रोहताश नगर सीटों पर जीत दर्ज की है.


चांदनी चौक लोकसभा सीट से केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ. हर्षवर्धन सांसद हैं. इस संसदीय सीट की 10 विधानसभा सीटों में शामिल आदर्श नगर, शालीमार बाग, शकूर बस्ती, त्रिनगर, वजीरपुर, मॉडल टाउन, सदर बजार, चांदनी चौक, मटियामहल और बल्लीमारान में से एक भी सीट भाजपा नहीं जीत सकी है.


आम आदमी पार्टी की आंधी विधानसभा चुनाव में सभी अन्य पार्टियों को ले उड़ी. आप को 53.6 फीसदी वोट मिला. वहीं 2015 की तुलना में बीजेपी का वोट प्रतिशत बढ़ा है और यह 38.5 प्रतिशत रहा. कांग्रेस को सिर्फ 4.26 प्रतिशत वोट मिला.


दिल्ली चुनाव में सबसे ज्यादा मतों से बुराड़ी सीट से आम आदमी पार्टी के उम्मीदवार संजीव झा जीते. उन्होंने 1, 39,598 वोट मिले. उन्होंने 88000 वोटों से बीजेपी के चिन्ह पर लड़ रहे जेडीयू उम्मीदवार शैलेंद्र कुमार को हराया, जिन्हें 51,400 वोट मिले. वहीं ओखला विधानसभा क्षेत्र से आप के अमानतुल्लाह खान 71,827 वोटों से जीते. इसी इलाके में शाहीन  बाग आता है, जहां सीएए और एनआरसी को लेकर प्रदर्शन चल रहा है.


कांग्रेस की 63 सीटों पर जमानत जब्त


कभी दिल्ली पर 15 साल राज करने वाली कांग्रेस की हालत ऐसी हो गई कि उसे दूसरी बार विधानसभा चुनावों में एक भी सीट नहीं मिली. दिलचस्प बात यह है कि कुल 66 (70 में 4 सीटों पर आरजेडी के प्रत्याशी चुनाव लड़े) उम्मीदवारों में 3 प्रत्याशियों की बड़ी मुश्किल से जमानत बच पाई है. कांग्रेस की 63 सीटें ऐसी हैं जहां कांग्रेस की जमानत राशि भी जब्त हो गई. कांग्रेस ने 4 सीटें लालू प्रसाद की पार्टी आरजेडी को दी थी. पालम, किराड़ी, बुराड़ी और उत्तम नगर में गठबंधन के तहत आरजेडी ने अपने उम्मीदवार उतारे थे.