मैनपुरी में सीएमओ के निर्देश पर घर-घर जांच में जुटी 984 टीमें

राजनारायण सिंह चौहान


**    कोरोना सकट :  मैनपुरी मे 984 टीमें घर-घर जाकर लोगों से पूछ रही है पांच सवाल -सीएमओं डॉ. ए.के. पाण्डेय मैनपुरी 



मैनपुरी। किसी को खांसी है या फिर बुखार है, किसी का बदन तो नहीं टूट रहा। इस तरह के सवाल पूछने के लिए स्वास्थ्य विभाग की टीमें अब घर घर जा रही हैं। घर में कोई बाहर से आया है तो उसका नाम पता भी पूछा जा रहा है। बाहर से आने वाले का हाल क्या है ? कितने दिन पहले आया था ? कहां से आया था। यह जानकारी भी ली जा रही है। स्वास्थ्य विभाग की 984 से अधिक टीमें इस काम में लगी हुई हैं । 
    सरकार के निर्देश पर पोलियो अभियान के लिए बनाई गई टीमों का प्रयोग कोरोना वायरस की रोकथाम के लिए शुरू कर दिया गया है। पीएचसी और सीएचसी से जुड़ी यह सभी टीमें घर-घर जा रही हैं और निर्धारित 5 सवाल पूछकर सर्वे रिपोर्ट तैयार कर रही हैं। अधिकतम एक माह के अंदर मैनपुरी आने वाले दूसरे राज्यों के लोगों की रिपोर्ट भी बन रही है। ऐसे लोगों को लो रिस्क कैटिगरी में शामिल किया जा रहा है, दूसरे वह लोग हैं जो दूसरे जिलों व राज्यों से आए हैं और लक्षण मिलने की संभावना है। ऐसे लोगों को हाई रिस्क कैटिगरी में शामिल किया जा रहा है। उच्चाधिकारियों के निर्देश पर इन लोगों को घरों में या फिर प्रशासन के क्वॉरेंटाइन हाउस में रखने के निर्देश दिए जा रहे हैं।


सर्वे के दौरान बाहर से आने वाले जमातिओं की तलाश अभियान की महत्वपूर्ण कड़ी है। इन टीमों को स्पष्ट निर्देश हैं कि घरों, मस्जिदों में रहने वाले जमातीयों की खोज हर हाल में की जाए। सरकार ने इसके लिए जमातियों की जानकारी देने वालों को 5 हजार रुपये का पुरस्कार देने  की घोषणा की है। सीएमओ डॉ. ए.के. पांडेय ने बताया कि  लो रिस्क और हाई रिस्क के अलावा जमातियों की सूची भी तैयार हो रही है। ताकि कोरोना से पूरी ताकत से मुकाबला किया जा सके। सीएमओ डॉ. एके पाण्डेय ने बताया कि घर-घर सर्वे के लिए 984 टीमों को लगाया गया है घर-घर पहुंच रही टीमों को लोग पूछे जा रहे सवालों का जवाब दें यह अनिवार्य है सवालों के जवाब देंगे तो कोरोना संदिग्धों की पड़ताल आसानी से हो जाएगी उपचार भी समय रहते मिल जाएगा कोरोना वॉयरस से घबराने की जरूरत नहीं है, बस खुद बचें और सबको बचाएं के स्लोगन पर काम करना होगा। कोरोना वॉयरस एक फ्लू जैसी बीमारी फैलाता है। बुखार, खांसी, सांस लेने में तकलीफ होती है।
इन नियमों का पालन सभी को करना अनिवार्य हैं ।
1- हाथों को बार-बार साबुन एवं साफ पानी से अच्छी तरह से धोएं
2- खांसते और छींकते समय अपना नाक और मुंह को टींशू या रुमाल से ढकें, इस्तेमाल टीशू को कूड़ेदान में फेंके।
3- अगर खांसी या बुखार के लक्षण हो, सांस लेने में तकलीफ हो तो तुरन्त ही निकट के स्वास्थ्य केंद्र पर जाएं।
4- खांसी, बुखार या सांस लेने में तकलीम होने पर और लक्षण समाप्तोने तक घर पर ही आराम करें। अन्य लोगों से एक मीटर की दूरी बनाएं रखें।


क्या न करें ।
5-सार्वजनिक व खुले स्थानों पर नहीं थूकें ।
6- बेवजह अपनी आंखों, नाक और मुंह को न छुएं, छूने के बाद हमेशा हाथों को अच्छी तरह साबुन और पानी से धोएं।
7- खांसी या बुखार के लक्षण होने, सांस लेने में तकलीफ होने, लक्षण समाप्त होने तक सार्वजनिक स्थानों पर नहीं जाएं, लोगों से पास से संपर्क न करें।